Category: समाचार

  • Noida Police: शिव शक्ति धाम में महिलाओं और बच्चियों को सुरक्षा के गुर सिखाए गए

    Noida Police: शिव शक्ति धाम में महिलाओं और बच्चियों को सुरक्षा के गुर सिखाए गए

    Noida Police: सेक्टर 82 की एकता कुंज पॉकेट 12 सोसाइटी के शिव शक्ति धाम मंदिर में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे “मिशन शक्ति – सशक्त नारी, सशक्त प्रदेश” का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का संचालन चौकी इंचार्ज कपिल कुमार पांडे और उनकी टीम ने किया।इस कार्यक्रम में RWA अध्यक्ष कुलदीप त्यागी जी और पॉकेट की महिला शक्ति के साथ कई निवासियों ने उपस्थिति दर्ज की।

    Noida Police:

    दरोगा कपिल पांडे ने स्कूल-कॉलेजों में बच्चियों और महिलाओं को ‘गुड टच’ और ‘बैड टच’ के बारे में विस्तार से समझाया। उन्होंने बताया कि अगर कोई व्यक्ति छेड़खानी या परेशान करता है, तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। इसके लिए उन्होंने टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1090, 181, 1076, 112, 1098, 102, 108 की जानकारी दी।

    पुलिस ने महिलाओं को सशक्त और जागरूक रहने का संदेश देते हुए कहा कि अपराध करने वालों को शुरुआत में ही सबक सिखाना जरूरी है। महिलाओं को अपनी बातें बिना किसी डर के अपने माता-पिता, शिक्षक, और अधिकारियों को बतानी चाहिए। दरोगा कपिल पांडे ने कहा कि समाज में बढ़ते अपराध के खिलाफ महिलाओं को अपनी आवाज बुलंद करनी होगी।

  • Noida: ईडब्ल्यूएस पॉकेट 7 में हुई चोरियों पर खुलासा न होने से नाराज आरडब्ल्यूए ने पुलिस कमिश्नर से की मुलाकात

    Noida: ईडब्ल्यूएस पॉकेट 7 में हुई चोरियों पर खुलासा न होने से नाराज आरडब्ल्यूए ने पुलिस कमिश्नर से की मुलाकात

    Noida: ईडब्ल्यूएस पॉकेट 7 में हुई चोरियों के खुलासे में देरी से नाराज आरडब्ल्यूए का प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष राघवेंद्र दुबे के नेतृत्व में सोमवार को पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस आयुक्त को पत्र सौंपकर मामले का शीघ्र खुलासा करने की मांग की।

    आरडब्ल्यूए अध्यक्ष राघवेंद्र दुबे ने पुलिस आयुक्त को जानकारी दी कि 20 से 22 जुलाई के बीच पॉकेट 7 के सात घरों में ताला और दरवाजा तोड़कर लाखों रुपए की चोरी हुई थी। करीब 40 दिन बीत जाने के बावजूद भी चोरों का कोई सुराग नहीं मिला है, जिससे इलाके में भय और निराशा का माहौल बन गया है।

    दुबे ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज में चोर नकाब पहनकर चोरी का पीला थैला लेकर दिखाई दे रहे हैं, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि यदि जांच गंभीरता से की जाए तो चोर पकड़े जा सकते हैं। उन्होंने नोएडा जैसे हाईटेक शहर में इस तरह की चोरियों का खुलासा न होने पर निराशा जताई।

    इस अवसर पर पीड़ित श्रीराम त्रिपाठी ने भी अपनी पीड़ा व्यक्त की। पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि मामले का जल्द खुलासा किया जाएगा और उन्हें पूरी मदद मिलेगी।

    मुलाकात के दौरान उपाध्यक्ष रवि राघव, सुशील पाल, उत्तम चंद्रा, सुभाष शर्मा, राजवीर सिंह, और राजेश पाठक सहित कई अन्य लोग भी मौजूद थे।

  • Gautam Buddh Nagar डीएम मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में व्यापार बंधु बैठक संपन्न, व्यापारियों की समस्याओं का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश

    Gautam Buddh Nagar डीएम मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में व्यापार बंधु बैठक संपन्न, व्यापारियों की समस्याओं का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश

    Gautam Buddh Nagar:  जनपद में व्यापारिक गतिविधियों को सुचारू रूप से आगे बढ़ाने और व्यापारियों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला अधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने कलेक्ट्रेट सभागार में व्यापार बंधु की बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में विभिन्न व्यापारिक प्रतिनिधियों ने अपने क्षेत्र की समस्याओं को डीएम के समक्ष रखा, जिनमें प्रमुख रूप से भंगेल एलिवेटेड रोड, अतिक्रमण, जाम एवं पार्किंग, विद्युत, सड़कों की मरम्मत, और जीएसटी संबंधित मुद्दे शामिल थे।

    डीएम मनीष कुमार वर्मा ने सभी संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि व्यापारियों के समक्ष आने वाली समस्याओं का त्वरित निस्तारण किया जाए, ताकि जनपद में व्यापारिक गतिविधियों को और गति मिल सके। उन्होंने जीएसटी विभाग के अधिकारियों को जनपद में प्रवर्तन की कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही, नगर पालिका दादरी के अधिकारियों को दादरी क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए।

    बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जनार्दन सिंह, पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, और व्यापार मण्डल के पदाधिकारी भी उपस्थित थे। सभी ने व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए मिलकर कार्य करने पर सहमति व्यक्त की।

    जिला प्रशासन द्वारा व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए उठाए गए ये कदम जनपद में व्यापारिक माहौल को और भी सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माने जा रहे हैं।

     

  • Noida सीईओ ने किया फेलिक्स हॉस्पिटल के मेगा हेल्थ कैम्प का शुभारंभ, सैकड़ों कर्मचारियों को मिली मुफ्त चिकित्सा सेवाएं

    Noida सीईओ ने किया फेलिक्स हॉस्पिटल के मेगा हेल्थ कैम्प का शुभारंभ, सैकड़ों कर्मचारियों को मिली मुफ्त चिकित्सा सेवाएं

    Noida: फेलिक्स हॉस्पिटल और नोएडा एंप्लाइज एसोसिएशन के संयुक्त प्रयास से गुरुवार को इंदिरा गांधी कला केंद्र, सेक्टर-6 नोएडा में फ्री हेल्थ कैंप और डॉक्टर टॉक (कैंसर जागरुकता) का आयोजन किया गया। शिविर का उद्घाटन नोएडा प्राधिकरण के सी.ई.ओ. डॉ. लोकेश एम, आई.ए.एस. ने किया। शिविर में नोएडा प्राधिकरण के लगभग 380 कर्मचारीयों की जांच की गई। शिविर में डॉ. डी. के. गुप्ता (चेयरमैन, फेलिक्स हॉस्पिटल) के साथ डॉ. रश्मि गुप्ता (मैनेजिंग डायरेक्टर, फेलिक्स हॉस्पिटल) और विभिन्न विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा मुफ्त परामर्श सेवाएं प्रदान की गईं जिनमें हड्डी रोग विशेषज्ञ, स्त्री रोग विशेषज्ञ, फिजिशियन, कार्डियोलॉजिस्ट, यूरोलॉजिस्ट, ऑन्कोलॉजिस्ट, फ़िज़िओथेरपिस्ट, ऑप्थल्मोलॉजिस्ट और गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट शामिल थे। इसके अलावा, शिविर में मुफ्त बी.पी., शुगर, ई.सी.जी., पी.एफ.टी., वेट-हाइट और बी.एम.आई. जाँच के अलावा विज़न टेस्टिंग (मोतियाबिंद एवं काला मोतियाबिंद सहित), बोन मिनरल डेंसिटी (बीएमडी) टेस्ट की सेवाएं भी उपलब्ध कराई गईं।
    नोएडा प्राधिकरण के सी.ई.ओ. डॉ. लोकेश एम ने कैंप की सराहना की और कहा हम सभी को स्वस्थ रहने के लिए समय-2 स्वास्थ्य जाँच करानी चाहिए ताकि भविष्य में होने वाली बीमारियों से बच सकें |


    फेलिक्स हॉस्पिटल के चेयरमैन डॉ. डी.के. ने बताया कि इस शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और उन्हें समय पर सही परामर्श देना है। उन्होंने यह भी बताया कि भविष्य में ऐसे और भी शिविरों का आयोजन किया जाएगा। शिविर में विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने मरीजों की जांच की और उन्हें स्वास्थ्य से संबंधित महत्वपूर्ण सलाह दी। शिविर में ACEO आईएएस संजय कुमार खत्री, OSD आईएएस महेंद्र प्रताप सिंह, ACEO आईएएस वंदना त्रिपाठी, ACEO आईएएस सतीश पाल जी विशेष अतिथि के रूप में मौजूद रहे | इसके अलावा राजकुमार सिंह(अध्यक्ष ), जितेंद्र कुमार (महा सचिव), नीरज राना, अमित कुमार (सचिव) एवं सुभाष कुमार कोषाध्यक्ष एवं अन्य पदाधिकारियों ने शिविर की शोभा बड़ाई |
    शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और उन्हें समय पर जांच की सुविधा प्रदान करना था, ताकि वे गंभीर बीमारियों से बच सकें। शिविर में आए लोगों ने कहा कि इस तरह के शिविरों से उन्हें आसानी से स्वास्थ्य जाँच एवं सेवाओं का लाभ प्राप्त होता है, जो कि नियमित स्वास्थ्य सेवाओं की तुलना में अधिक सुलभ और प्रभावी है। फेलिक्स हॉस्पिटल की 24X7 हेल्पलाइन (7835 999444/555) भी उपलब्ध है। जिससे मरीज किसी भी समय अपनी स्वास्थ्य समस्याओं के समाधान के लिए संपर्क कर सकते हैं। फेलिक्स हॉस्पिटल हमेशा लोगों की सेवा के लिए तत्पर है। इस मौके पर श्री विनोद जोशी जी के साथ डॉ. चिन्मयी अग्रवाल (ऑन्कोलॉजिस्ट), डॉ. जगतजोत सिंह गिल (गेस्ट्रोएन्टेरोलॉजिस्ट), डॉ. अदिति (एंडोडोंटिस्ट), डॉ. विनय कुमार साहू (ओर्थपेडीक सर्जन), डॉ. सोनाक्षी सक्सेना (जनरल फिजिशियन), डॉ. निदा (डायटीशियन), डॉ. सोनिया(गायनेकोलॉजिस्ट), डॉ. संदीप (फ़िज़ियोथेरेपिस्ट), डॉ. शुभम, डॉ. अबुजार एवं अन्य डॉक्टर्स मौजूद रहे।

  • Kolkata doctor rape and murder: आखिर रेप को रोका कैसे जाए, केवल सख्त कानून से संभव है या कुछ और भी करना होगा!

    Kolkata doctor rape and murder: आखिर रेप को रोका कैसे जाए, केवल सख्त कानून से संभव है या कुछ और भी करना होगा!

    Kolkata doctor rape and murder:हाल ही में कोलकाता में हुई बलात्कार की घटना ने एक बार फिर से समाज को झकझोर कर रख दिया है। इस तरह की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं और सवाल खड़े कर रही हैं कि आखिर इस पर रोक कैसे लगाई जा सकती है। महिलाओं की सुरक्षा एक गंभीर मुद्दा बन गया है, जिस पर तुरंत ध्यान देने की आवश्यकता है। इस रिपोर्ट में हम जानेंगे कि इस समस्या से निपटने के लिए समाज, सरकार और खुद महिलाओं को क्या कदम उठाने चाहिए।

    समाज की भूमिका

    बलात्कार जैसी घटनाओं को रोकने के लिए समाज की सोच में बदलाव जरूरी है। जब तक हम लड़कों को महिलाओं का सम्मान करना नहीं सिखाते, तब तक इस समस्या का समाधान नहीं हो सकता। यह माता-पिता की जिम्मेदारी है कि वे अपने बच्चों में सही संस्कार डालें। समाज को महिलाओं के प्रति अपने दृष्टिकोण को बदलना होगा और महिलाओं को दोष देने के बजाय अपराधियों पर कार्रवाई की मांग करनी होगी।

    सख्त कानून की आवश्यकता

    बलात्कार के मामलों में तेजी से न्याय दिलाने के लिए सरकार को सख्त कानून बनाने चाहिए। हालाँकि, केवल कानून बनाना ही पर्याप्त नहीं है; इन कानूनों का सही तरीके से पालन भी जरूरी है। पुलिस और न्याय व्यवस्था को ऐसे मामलों में संवेदनशीलता से काम लेना होगा ताकि पीड़िताओं को समय पर न्याय मिल सके।

    महिलाओं के लिए सुरक्षा उपाय

    महिलाओं को भी अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहना होगा। वे सुरक्षा ऐप्स का उपयोग कर सकती हैं, अपनी लोकेशन दोस्तों और परिवार के साथ शेयर कर सकती हैं, और आत्मरक्षा के तरीकों की ट्रेनिंग ले सकती हैं। साथ ही, उन्हें सार्वजनिक जगहों पर सतर्क रहना चाहिए और अनजान व्यक्तियों से सावधान रहना चाहिए।

    शिक्षा और जागरूकता

    महिलाओं और पुरुषों दोनों को सही शिक्षा और जागरूकता की आवश्यकता है। स्कूलों और कॉलेजों में सुरक्षा और नैतिकता के बारे में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन होना चाहिए। इसके साथ ही, बच्चों को महिलाओं का सम्मान करने की शिक्षा देना अत्यंत जरूरी है। समाज को महिलाओं के प्रति सम्मान और सुरक्षा का महत्व समझाना होगा।

    डिजिटल प्लेटफॉर्म्स का उपयोग

    डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर भी इस मुद्दे पर जागरूकता फैलाने की जरूरत है। सोशल मीडिया अभियानों के जरिए लोग जागरूक हो सकते हैं और बलात्कार जैसी घटनाओं पर अपने विचार साझा कर सकते हैं। ऐसे अभियानों का सकारात्मक प्रभाव पड़ता है और लोग समाज में बदलाव लाने के लिए प्रेरित होते हैं।

    नारी सशक्तिकरण

    महिलाओं का सशक्तिकरण इस समस्या का सबसे बड़ा समाधान है। महिलाओं को आत्मनिर्भर और जागरूक होना चाहिए ताकि वे अपनी सुरक्षा खुद सुनिश्चित कर सकें। जब महिलाएं अपने अधिकारों के लिए खड़ी होंगी और उन्हें सुरक्षा मिलेगी, तभी समाज में बदलाव आ सकता है।

    समर्थन और सहयोग

    बलात्कार की घटना के बाद पीड़िता को सहयोग की जरूरत होती है। समाज को पीड़िताओं के प्रति संवेदनशील रहना चाहिए और उन्हें न्याय दिलाने में मदद करनी चाहिए। सरकार को भी मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य सेवाओं के लिए केंद्र स्थापित करने की जरूरत है। बलात्कार जैसी गंभीर घटनाओं पर रोक लगाने के लिए समाज, सरकार, और खुद महिलाओं को मिलकर कदम उठाने होंगे। जब तक सभी अपनी जिम्मेदारी नहीं समझेंगे, तब तक इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सकेगा।

  • Noida Cyber Crime: धोखाधड़ी के 50 घंटे के अंदर पीड़ित को वापस कराए पीड़ित को ₹1.15 लाख, सेक्टर 49 थाना अध्यक्ष अनुज कुमार सैनी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई

    Noida Cyber Crime: धोखाधड़ी के 50 घंटे के अंदर पीड़ित को वापस कराए पीड़ित को ₹1.15 लाख, सेक्टर 49 थाना अध्यक्ष अनुज कुमार सैनी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई

    Noida Cyber Crime: साइबर फ्रॉड के मामले में नोएडा के सेक्टर 49 थाना की साइबर सेल टीम ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पीड़ित अतुल गुप्ता के खाते से ठगी गई ₹1,15,000 की राशि को साइबर सेल ने वापस कराया है।

    इस मामले की जानकारी 10 मार्च 2023 को सामने आई थी, जब अतुल गुप्ता ने साइबर पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके खाते से बड़ी रकम  धोखाधड़ी से निकाल ली गई है। शिकायत मिलने के बाद साइबर सेल ने तुरंत कार्रवाई शुरू की और विपक्षी के खाते में पैसे को होल्ड करवा दिया।

    साइबर सेल की इस सफलता का श्रेय थाना सेक्टर 49 के प्रभारी निरीक्षक अनुज कुमार सैनी को जाता है। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर के रहने वाले अनुज सैनी पहले भी कई साइबर अपराधों को सुलझा चुके हैं। उनके नेतृत्व में साइबर सेल ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए धनराशि को सुरक्षित तरीके से वापस कराया।

    Noida Cyber Crime

    अनुज सैनी ने बताया, “हमारी टीम ने इस मामले में तुरंत कार्रवाई की और तकनीकी साधनों का उपयोग करके विपक्षी के खाते में पैसे को फ्रीज करवा दिया। इसके बाद पूरी जांच प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाते हुए हमने पीड़ित की राशि वापस करवाई।”

    साइबर सेल की टीम में निरीक्षक महेश सिंह राना, कम्प्यूटर ऑपरेटर धर्मेन्द्र कुमार सिंह, और महिला कांस्टेबल नीतू चौधरी शामिल थे। इन सभी ने मिलकर इस मामले को सुलझाने में अहम भूमिका निभाई।

    नोएडा पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के नेतृत्व में साइबर सेल की यह सफलता दिखाती है कि पुलिस विभाग साइबर अपराधों से निपटने के लिए पूरी तरह से सक्षम है और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।

    अनुज सैनी ने अंत में जनता से अपील की है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ अपना बैंकिंग विवरण साझा न करें और अगर किसी तरह की धोखाधड़ी हो, तो तुरंत 1930 पर कॉल करें।

  • बांग्लादेश में बिगड़े हालात, Noida को मिल सकता हैं बड़ा ऑर्डर, इनको होगा बड़ा फायदा!

    बांग्लादेश में बिगड़े हालात, Noida को मिल सकता हैं बड़ा ऑर्डर, इनको होगा बड़ा फायदा!

    Noida: बांग्लादेश के बिगड़े राजनीतिक हालात और हिंसा पर नोएडा के रेडीमेड गारमेंट्स के निर्यातक कड़ी नजर बनाए हुए हैं। इन निर्यातकों का मानना है कि बांग्लादेश की अस्थिरता उनके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। वर्तमान में, बांग्लादेश राजनीतिक संकट और हिंसा के दौर से गुजर रहा है, जिसमें देश की प्रधानमंत्री ने देश छोड़ दिया है। व्यापार लगभग ठप पड़ा है और नोएडा के निर्यातकों को उम्मीद है कि इस संकट के चलते उन्हें बांग्लादेश के विदेशी ऑर्डर्स मिल सकते हैं।

    उद्यमियों की उम्मीदें और संभावनाएं

    नोएडा के उद्यमियों का मानना है कि अगले तीन महीनों में उन्हें 8 से 10 अरब डॉलर (लगभग 839 अरब रुपये) के रेडीमेड गारमेंट्स के ऑर्डर मिल सकते हैं। बांग्लादेश दुनिया के प्रमुख टैक्सटाइल निर्यातक देशों में से एक है, जहां हर माह करीब 3.5 से 3.8 बिलियन डॉलर के कपड़े एक्सपोर्ट किए जाते हैं। वहां की अस्थिरता के कारण भारत की टैक्सटाइल इंडस्ट्री को बड़ा फायदा हो सकता है।

    अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की नजर भारत पर

    बांग्लादेश के संकट के चलते अंतरराष्ट्रीय खरीदार नए विकल्प तलाश रहे हैं और उनकी नजर भारत पर है। अगर बांग्लादेश के एक्सपोर्ट का 10 से 11% भारत के तिरुपुर जैसे केंद्रों में आता है तो भारत को हर महीने 8 से 10 बिलियन डॉलर के ऑर्डर मिल सकते हैं। नोएडा परिधान निर्यात क्लस्टर के अध्यक्ष ललित ठुकराल का मानना है कि जारा और मैंगो जैसे बड़े ब्रांड्स भी इन हालातों में भारत की ओर लौट सकते हैं।

    भारत में उत्पादन महंगा

    हालांकि, भारत में उत्पाद तैयार करना महंगा है क्योंकि यहाँ पर ड्यूटी 9% है और जीएसटी और अन्य टैक्स भी लागू होते हैं। इसके बावजूद, अगर सरकार टैक्स में छूट देती है, तो भारत को अधिक ऑर्डर मिल सकते हैं।

    प्रतिद्वंद्वी देशों की चुनौती

    भारत के लिए चुनौती यह है कि चीन और इंडोनेशिया भी इन ऑर्डर्स पर नजर रखे हुए हैं। सरकारी सुविधाओं के चलते वहां के उत्पाद सस्ते होते हैं। एसोसिएशन ऑफ इंडियन मैन्यूफैक्चरर्स के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कुलमणि गुप्ता का कहना है कि बांग्लादेश के हालात का सीधा लाभ नोएडा के निर्यातकों को हो सकता है।

    भारतीय कारोबारियों को नुकसान भी

    रेडीमेड गारमेंट्स की प्रमुख निर्यातक शशि नागिया का मानना है कि बांग्लादेश की अस्थिरता का नुकसान भी भारतीय कारोबारियों को हो सकता है। बांग्लादेश में कॉटन और अन्य कपड़े भारत से ही भेजे जाते हैं, जिससे भारत को नुकसान होगा। इसके अलावा, वियतनाम भी इन ऑर्डर्स का बड़ा दावेदार है, क्योंकि वहां गारमेंट्स सस्ते और उच्च गुणवत्ता के होते हैं।

    नोएडा के निर्यातकों को बांग्लादेश के राजनीतिक संकट से बड़े लाभ की उम्मीद है, लेकिन उन्हें चीन, इंडोनेशिया और वियतनाम जैसे प्रतिद्वंद्वी देशों से भी सतर्क रहना होगा। अगर भारतीय सरकार उचित कदम उठाती है, तो भारतीय टैक्सटाइल इंडस्ट्री को बड़ा फायदा मिल सकता है।

  • Cyber Crime: आपका बैंक भी खाली कर सकते हैं ये Educated अपराधी, बचना है तो अभी करो ये उपाय!

    Cyber Crime: आपका बैंक भी खाली कर सकते हैं ये Educated अपराधी, बचना है तो अभी करो ये उपाय!

    Cyber Crime:आजकल, मोबाइल फोन हमारे जीवन का एक अभिन्न हिस्सा बन गया है। हम अपने फोन पर बैंकिंग करते हैं, सोशल मीडिया का उपयोग करते हैं, और अपनी व्यक्तिगत जानकारी स्टोर करते हैं। लेकिन, इस डिजिटल युग में, हमारे मोबाइल फोन साइबर हमलावरों के लिए एक आकर्षक लक्ष्य बन गए हैं। पिछले कुछ वर्षों में, मोबाइल हैकिंग की घटनाओं में तेजी से वृद्धि हुई है। साइबर अपराधी लगातार नए-नए तरीकों से लोगों को ठगने की कोशिश कर रहे हैं। हाल ही में देश में हुई कुछ घटनाओं ने इस समस्या की गंभीरता को उजागर किया है।

    हालिया घटनाएं:

    • पंजाब नेशनल बैंक में बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी: हाल ही में, पंजाब नेशनल बैंक में बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया था, जिसमें हजारों ग्राहकों के खातों से पैसे निकाले गए थे। जांच में पता चला कि हैकर्स ने ग्राहकों के मोबाइल फोन को हैक करके उनके बैंकिंग ऐप्स में घुसपैठ की थी।
    • सोशल मीडिया पर फिशिंग हमले: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर फिशिंग हमलों में भी वृद्धि हुई है। हैकर्स फर्जी वेबसाइटों या लिंक्स का उपयोग करके लोगों को उनके व्यक्तिगत जानकारी और पासवर्ड बताने के लिए मजबूर कर रहे हैं।
    • एंड्रॉइड और आईओएस डिवाइसों में मैलवेयर: एंड्रॉइड और आईओएस डिवाइसों में मैलवेयर के हमले भी बढ़ रहे हैं। ये मैलवेयर आपके फोन की जानकारी चुरा सकते हैं और आपके डेटा को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

    इन घटनाओं से हम क्या सीख सकते हैं?

    • कोई भी सुरक्षित नहीं है: चाहे आप कितने भी सावधान रहें, साइबर अपराधियों से पूरी तरह सुरक्षित रहना मुश्किल है।
    • साइबर अपराधी लगातार नए तरीके खोज रहे हैं: उन्हें एक कदम आगे रहने के लिए हमेशा अलर्ट रहना जरूरी है।
    • अपनी व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा सबसे पहले है: अपनी व्यक्तिगत जानकारी को गोपनीय रखें और उसे किसी के साथ साझा न करें।

    अपने मोबाइल को सुरक्षित रखने के लिए आप क्या कर सकते हैं?

    • मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें: अपने फोन और सभी ऐप्स के लिए अलग-अलग और मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें।
    • दो-कारक प्रमाणीकरण (Two-Factor Authentication) को सक्षम करें: यह एक अतिरिक्त सुरक्षा परत प्रदान करता है।
    • अपने फोन को नियमित रूप से अपडेट करें: सॉफ्टवेयर अपडेट में सुरक्षा पैच होते हैं जो आपके फोन को हैकर्स से बचाते हैं।
    • अज्ञात स्रोतों से ऐप्स डाउनलोड न करें: केवल Google Play Store या Apple App Store से ऐप्स डाउनलोड करें।
    • पब्लिक वाई-फाई का सावधानीपूर्वक उपयोग करें: पब्लिक वाई-फाई पर संवेदनशील जानकारी जैसे कि बैंकिंग या ऑनलाइन शॉपिंग न करें।
    • एंटीवायरस सॉफ्टवेयर का उपयोग करें: एक अच्छा एंटीवायरस सॉफ्टवेयर आपके फोन को मैलवेयर और अन्य खतरों से बचा सकता है।

    मोबाइल फोन हमारे जीवन का एक अभिन्न हिस्सा बन गए हैं, लेकिन उन्हें सुरक्षित रखना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उपरोक्त टिप्स का पालन करके, आप अपने मोबाइल फोन को हैक होने से बचा सकते हैं और अपनी व्यक्तिगत जानकारी को सुरक्षित रख सकते हैं। याद रखें, थोड़ी सी सावधानी आपको बड़ी मुसीबत से बचा सकती है।

  • Noida Authority ने “बृहद वृक्षारोपण अभियान 2024” के तहत 2.25 लाख पौधे लगाए, नोएडा को हरा-भरा बनाने का संकल्प!

    Noida Authority ने “बृहद वृक्षारोपण अभियान 2024” के तहत 2.25 लाख पौधे लगाए, नोएडा को हरा-भरा बनाने का संकल्प!

    Noida Authority: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित “बृहद वृक्षारोपण अभियान 2024” के तहत नोएडा प्राधिकरण द्वारा युद्ध स्तर पर वृक्षारोपण किया गया। इस अवसर पर पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा सांसद नोएडा, श्री मुकेश मेश्राम (आईएएस) प्रमुख सचिव पर्यटन उत्तर प्रदेश शासन, श्री मनीष वर्मा जिलाधिकारी गौतम बुद्ध नगर, श्रीमती वंदना त्रिपाठी (आईएएस) अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी, श्री प्रमोद श्रीवास्तव डीएफ़ओ, श्री मनोज गुप्ता जिलाध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी, आनंद मोहन सिंह निदेशक (उद्यान) , श्री राजेंद्र सिंह उप निदेशक (उद्यान) ,श्री योगेन्द्र शर्मा अध्यक्ष फोनरवा साथ ही साथ RWA के सदस्य एवं निवासियों द्वारा सेक्टर 112 की ग्रीन बेल्ट में पेड़ लगाए गए।

    नोएडा को हरा-भरा बनाने का संकल्प:

    इस वृक्षारोपण अभियान के तहत बरगद, नीम, आम, लार्जेस्टोमिया आदि प्रजातियों के पौधे लगाए गए। इस अवसर पर नोएडा को पूरी तरह हरा-भरा बनाने का संकल्प लिया गया। नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों ने कहा कि वे शहर में हर जगह पेड़ लगाने का काम करेंगे और नोएडा को एक स्वच्छ और हरा-भरा शहर बनाएंगे।

    पूरे नोएडा में चला वृक्षारोपण अभियान:

    आज नोएडा के अन्य सेक्टरों में भी पूरे दिन वृक्षारोपण अभियान चलाया गया। विभिन्न पार्कों, सड़कों और ग्रीन बेल्ट में पौधे लगाए गए। अनुमान है कि आज लगभग 2.25 लाख पौधे रोपित किए गए।

    वृक्षारोपण का महत्व:

    पेड़-पौधे हमारे जीवन के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं। वे हमें ऑक्सीजन देते हैं, प्रदूषण को कम करते हैं और धरती को हरा-भरा बनाते हैं। इसलिए, हमें अधिक से अधिक पेड़ लगाने चाहिए और उनका संरक्षण करना चाहिए। नोएडा प्राधिकरण द्वारा आयोजित यह वृक्षारोपण अभियान एक सराहनीय पहल है। इससे न केवल नोएडा शहर को हरा-भरा बनाने में मदद मिलेगी, बल्कि यह लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक भी करेगा। नोएडा प्राधिकरण इसी तरह से भविष्य में भी वृक्षारोपण अभियान चलाता रहेगा और नोएडा को एक स्वस्थ और पर्यावरण के अनुकूल शहर बनाने में योगदान देगा।

  • Greater Noida Police Misconduct Exposed: कुलेसरा चौकी परिसर में नहीं हुई थी मारपीट, पड़ताल में हुआ खुलासा

    Greater Noida Police Misconduct Exposed: कुलेसरा चौकी परिसर में नहीं हुई थी मारपीट, पड़ताल में हुआ खुलासा

    Greater Noida Police Misconduct Exposed: ग्रेटर नोएडा में पुलिस की दबंगई का मामला एक नया मोड़ ले चुका है। पड़ताल के बाद सामने आए तथ्य स्पष्ट करते हैं कि जिस मारपीट की घटना को लेकर कुलेसरा चौकी का नाम बार-बार उछाला जा रहा था, वह सही नहीं है असल घटना ईकोटेक तीन कोतवाली क्षेत्र स्थित हल्दोनी मोड़ के पास की है। ये पूरी घटना ईकोटेक तीन कोतवाली क्षेत्र स्थित हल्दोनी मोड़ के पास की है जहां ट्रैफिक पुलिस और आरोपियों के बीच कहासूंनी हुई थी बाद आरोपियों को कुलेसरा चौकी लाया तो गया था लेकिन तुरंत ही ईकोटेक थाने भेज दिया गया था। कुसेलसरा चौकी परिसर में जिस मारपीट की बात कही जा रही है वह पड़ताल में गलत पाया गया है जो भी घटना हुई थी वो ईकोटेक तीन कोतवाली क्षेत्र स्थित हल्दोनी मोड़ पर हुई थी जिसके बाद पीड़ितों को ईकोटेक थाना ले जाया गया था। इस मामले में पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने निर्देश पर तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है और विभागीय जांच जारी है।

    क्या है पूरा मामला?

    कुलेसरा चौकी क्षेत्र के निवासी एक युवक अपनी गाड़ी से घर लौट रहे थे जब चौराहे पर तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने उन्हें गाड़ी रोकने का इशारा किया। युवक द्वारा गाड़ी न रोकने पर, पुलिसकर्मियों ने थोड़ी दूर जाकर गाड़ी रुकवाई और युवक को ईकोटेक थाना परिसर ले गए। यहीं पर दोनों ट्रैफिककर्मियों और कांस्टेबल ने युवक की पिटाई की, जिससे उसे चोटें आईं। आरोप है कि युवकों को छोड़ने के एवज में पुलिसकर्मियों ने 50 हजार रुपये की मांग की। युवकों के जेब में रखे 30 हजार रुपये निकाल लिए। इसके बाद उनसे यातायात नियमों का उल्लंघन करने का शिकायती पत्र जबरन लिखवाया गया। है। बाद में उन्हें कोतवाली ले जाकर छोड़ा गया। पीड़ित युवक ने बताया कि कोतवाली से बाहर निकलते ही कार का साढ़े 14 हजार का चालान कर दिया। घर पहुंच कर उन्होंने आपबीती स्वजन को बताई।

    जातीय भेदभाव का आरोप

    पीड़ित युवक ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मियों ने उसकी जाति पूछकर उसके साथ बुरा बर्ताव किया और उसे बुरी तरह पीटा। पिटाई के बाद युवक को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की जानकारी मिलने पर दलित युवक ने पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह से शिकायत की। शिकायत की जांच में मारपीट होने की बास सही पाई गई , जिसके बाद पुलिस कमिश्नर ने तुरंत एक्शन लेते हुए दोनों ट्रैफिक पुलिसकर्मियों और कांस्टेबल को निलंबित कर दिया। घटना के वक्त गाड़ी में अमन गौतम, कुलदीप गौतम, हरिश गौतम और अर्जुन कबीरा सवार थे। ये सभी सूरजपुर की ओर जा रहे थे जब हल्द्वानी मोड़ पर ट्रैफिक पुलिस ने उनकी गाड़ी रुकवाई थी।