Author: AVS POST Bureau

  • Kolkata doctor rape and murder: आखिर रेप को रोका कैसे जाए, केवल सख्त कानून से संभव है या कुछ और भी करना होगा!

    Kolkata doctor rape and murder: आखिर रेप को रोका कैसे जाए, केवल सख्त कानून से संभव है या कुछ और भी करना होगा!

    Kolkata doctor rape and murder:हाल ही में कोलकाता में हुई बलात्कार की घटना ने एक बार फिर से समाज को झकझोर कर रख दिया है। इस तरह की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं और सवाल खड़े कर रही हैं कि आखिर इस पर रोक कैसे लगाई जा सकती है। महिलाओं की सुरक्षा एक गंभीर मुद्दा बन गया है, जिस पर तुरंत ध्यान देने की आवश्यकता है। इस रिपोर्ट में हम जानेंगे कि इस समस्या से निपटने के लिए समाज, सरकार और खुद महिलाओं को क्या कदम उठाने चाहिए।

    समाज की भूमिका

    बलात्कार जैसी घटनाओं को रोकने के लिए समाज की सोच में बदलाव जरूरी है। जब तक हम लड़कों को महिलाओं का सम्मान करना नहीं सिखाते, तब तक इस समस्या का समाधान नहीं हो सकता। यह माता-पिता की जिम्मेदारी है कि वे अपने बच्चों में सही संस्कार डालें। समाज को महिलाओं के प्रति अपने दृष्टिकोण को बदलना होगा और महिलाओं को दोष देने के बजाय अपराधियों पर कार्रवाई की मांग करनी होगी।

    सख्त कानून की आवश्यकता

    बलात्कार के मामलों में तेजी से न्याय दिलाने के लिए सरकार को सख्त कानून बनाने चाहिए। हालाँकि, केवल कानून बनाना ही पर्याप्त नहीं है; इन कानूनों का सही तरीके से पालन भी जरूरी है। पुलिस और न्याय व्यवस्था को ऐसे मामलों में संवेदनशीलता से काम लेना होगा ताकि पीड़िताओं को समय पर न्याय मिल सके।

    महिलाओं के लिए सुरक्षा उपाय

    महिलाओं को भी अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहना होगा। वे सुरक्षा ऐप्स का उपयोग कर सकती हैं, अपनी लोकेशन दोस्तों और परिवार के साथ शेयर कर सकती हैं, और आत्मरक्षा के तरीकों की ट्रेनिंग ले सकती हैं। साथ ही, उन्हें सार्वजनिक जगहों पर सतर्क रहना चाहिए और अनजान व्यक्तियों से सावधान रहना चाहिए।

    शिक्षा और जागरूकता

    महिलाओं और पुरुषों दोनों को सही शिक्षा और जागरूकता की आवश्यकता है। स्कूलों और कॉलेजों में सुरक्षा और नैतिकता के बारे में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन होना चाहिए। इसके साथ ही, बच्चों को महिलाओं का सम्मान करने की शिक्षा देना अत्यंत जरूरी है। समाज को महिलाओं के प्रति सम्मान और सुरक्षा का महत्व समझाना होगा।

    डिजिटल प्लेटफॉर्म्स का उपयोग

    डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर भी इस मुद्दे पर जागरूकता फैलाने की जरूरत है। सोशल मीडिया अभियानों के जरिए लोग जागरूक हो सकते हैं और बलात्कार जैसी घटनाओं पर अपने विचार साझा कर सकते हैं। ऐसे अभियानों का सकारात्मक प्रभाव पड़ता है और लोग समाज में बदलाव लाने के लिए प्रेरित होते हैं।

    नारी सशक्तिकरण

    महिलाओं का सशक्तिकरण इस समस्या का सबसे बड़ा समाधान है। महिलाओं को आत्मनिर्भर और जागरूक होना चाहिए ताकि वे अपनी सुरक्षा खुद सुनिश्चित कर सकें। जब महिलाएं अपने अधिकारों के लिए खड़ी होंगी और उन्हें सुरक्षा मिलेगी, तभी समाज में बदलाव आ सकता है।

    समर्थन और सहयोग

    बलात्कार की घटना के बाद पीड़िता को सहयोग की जरूरत होती है। समाज को पीड़िताओं के प्रति संवेदनशील रहना चाहिए और उन्हें न्याय दिलाने में मदद करनी चाहिए। सरकार को भी मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य सेवाओं के लिए केंद्र स्थापित करने की जरूरत है। बलात्कार जैसी गंभीर घटनाओं पर रोक लगाने के लिए समाज, सरकार, और खुद महिलाओं को मिलकर कदम उठाने होंगे। जब तक सभी अपनी जिम्मेदारी नहीं समझेंगे, तब तक इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सकेगा।

  • Noida Cyber Crime: धोखाधड़ी के 50 घंटे के अंदर पीड़ित को वापस कराए पीड़ित को ₹1.15 लाख, सेक्टर 49 थाना अध्यक्ष अनुज कुमार सैनी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई

    Noida Cyber Crime: धोखाधड़ी के 50 घंटे के अंदर पीड़ित को वापस कराए पीड़ित को ₹1.15 लाख, सेक्टर 49 थाना अध्यक्ष अनुज कुमार सैनी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई

    Noida Cyber Crime: साइबर फ्रॉड के मामले में नोएडा के सेक्टर 49 थाना की साइबर सेल टीम ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पीड़ित अतुल गुप्ता के खाते से ठगी गई ₹1,15,000 की राशि को साइबर सेल ने वापस कराया है।

    इस मामले की जानकारी 10 मार्च 2023 को सामने आई थी, जब अतुल गुप्ता ने साइबर पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके खाते से बड़ी रकम  धोखाधड़ी से निकाल ली गई है। शिकायत मिलने के बाद साइबर सेल ने तुरंत कार्रवाई शुरू की और विपक्षी के खाते में पैसे को होल्ड करवा दिया।

    साइबर सेल की इस सफलता का श्रेय थाना सेक्टर 49 के प्रभारी निरीक्षक अनुज कुमार सैनी को जाता है। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर के रहने वाले अनुज सैनी पहले भी कई साइबर अपराधों को सुलझा चुके हैं। उनके नेतृत्व में साइबर सेल ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए धनराशि को सुरक्षित तरीके से वापस कराया।

    Noida Cyber Crime

    अनुज सैनी ने बताया, “हमारी टीम ने इस मामले में तुरंत कार्रवाई की और तकनीकी साधनों का उपयोग करके विपक्षी के खाते में पैसे को फ्रीज करवा दिया। इसके बाद पूरी जांच प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाते हुए हमने पीड़ित की राशि वापस करवाई।”

    साइबर सेल की टीम में निरीक्षक महेश सिंह राना, कम्प्यूटर ऑपरेटर धर्मेन्द्र कुमार सिंह, और महिला कांस्टेबल नीतू चौधरी शामिल थे। इन सभी ने मिलकर इस मामले को सुलझाने में अहम भूमिका निभाई।

    नोएडा पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के नेतृत्व में साइबर सेल की यह सफलता दिखाती है कि पुलिस विभाग साइबर अपराधों से निपटने के लिए पूरी तरह से सक्षम है और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।

    अनुज सैनी ने अंत में जनता से अपील की है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ अपना बैंकिंग विवरण साझा न करें और अगर किसी तरह की धोखाधड़ी हो, तो तुरंत 1930 पर कॉल करें।

  • बांग्लादेश में बिगड़े हालात, Noida को मिल सकता हैं बड़ा ऑर्डर, इनको होगा बड़ा फायदा!

    बांग्लादेश में बिगड़े हालात, Noida को मिल सकता हैं बड़ा ऑर्डर, इनको होगा बड़ा फायदा!

    Noida: बांग्लादेश के बिगड़े राजनीतिक हालात और हिंसा पर नोएडा के रेडीमेड गारमेंट्स के निर्यातक कड़ी नजर बनाए हुए हैं। इन निर्यातकों का मानना है कि बांग्लादेश की अस्थिरता उनके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। वर्तमान में, बांग्लादेश राजनीतिक संकट और हिंसा के दौर से गुजर रहा है, जिसमें देश की प्रधानमंत्री ने देश छोड़ दिया है। व्यापार लगभग ठप पड़ा है और नोएडा के निर्यातकों को उम्मीद है कि इस संकट के चलते उन्हें बांग्लादेश के विदेशी ऑर्डर्स मिल सकते हैं।

    उद्यमियों की उम्मीदें और संभावनाएं

    नोएडा के उद्यमियों का मानना है कि अगले तीन महीनों में उन्हें 8 से 10 अरब डॉलर (लगभग 839 अरब रुपये) के रेडीमेड गारमेंट्स के ऑर्डर मिल सकते हैं। बांग्लादेश दुनिया के प्रमुख टैक्सटाइल निर्यातक देशों में से एक है, जहां हर माह करीब 3.5 से 3.8 बिलियन डॉलर के कपड़े एक्सपोर्ट किए जाते हैं। वहां की अस्थिरता के कारण भारत की टैक्सटाइल इंडस्ट्री को बड़ा फायदा हो सकता है।

    अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की नजर भारत पर

    बांग्लादेश के संकट के चलते अंतरराष्ट्रीय खरीदार नए विकल्प तलाश रहे हैं और उनकी नजर भारत पर है। अगर बांग्लादेश के एक्सपोर्ट का 10 से 11% भारत के तिरुपुर जैसे केंद्रों में आता है तो भारत को हर महीने 8 से 10 बिलियन डॉलर के ऑर्डर मिल सकते हैं। नोएडा परिधान निर्यात क्लस्टर के अध्यक्ष ललित ठुकराल का मानना है कि जारा और मैंगो जैसे बड़े ब्रांड्स भी इन हालातों में भारत की ओर लौट सकते हैं।

    भारत में उत्पादन महंगा

    हालांकि, भारत में उत्पाद तैयार करना महंगा है क्योंकि यहाँ पर ड्यूटी 9% है और जीएसटी और अन्य टैक्स भी लागू होते हैं। इसके बावजूद, अगर सरकार टैक्स में छूट देती है, तो भारत को अधिक ऑर्डर मिल सकते हैं।

    प्रतिद्वंद्वी देशों की चुनौती

    भारत के लिए चुनौती यह है कि चीन और इंडोनेशिया भी इन ऑर्डर्स पर नजर रखे हुए हैं। सरकारी सुविधाओं के चलते वहां के उत्पाद सस्ते होते हैं। एसोसिएशन ऑफ इंडियन मैन्यूफैक्चरर्स के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कुलमणि गुप्ता का कहना है कि बांग्लादेश के हालात का सीधा लाभ नोएडा के निर्यातकों को हो सकता है।

    भारतीय कारोबारियों को नुकसान भी

    रेडीमेड गारमेंट्स की प्रमुख निर्यातक शशि नागिया का मानना है कि बांग्लादेश की अस्थिरता का नुकसान भी भारतीय कारोबारियों को हो सकता है। बांग्लादेश में कॉटन और अन्य कपड़े भारत से ही भेजे जाते हैं, जिससे भारत को नुकसान होगा। इसके अलावा, वियतनाम भी इन ऑर्डर्स का बड़ा दावेदार है, क्योंकि वहां गारमेंट्स सस्ते और उच्च गुणवत्ता के होते हैं।

    नोएडा के निर्यातकों को बांग्लादेश के राजनीतिक संकट से बड़े लाभ की उम्मीद है, लेकिन उन्हें चीन, इंडोनेशिया और वियतनाम जैसे प्रतिद्वंद्वी देशों से भी सतर्क रहना होगा। अगर भारतीय सरकार उचित कदम उठाती है, तो भारतीय टैक्सटाइल इंडस्ट्री को बड़ा फायदा मिल सकता है।

  • सावन के महीने में ऐसे करें भगवान भोले की भक्ति, हर मुराद होगी पूरी, जिसने किया उस पर कृपा बरस रही है!

    सावन के महीने में ऐसे करें भगवान भोले की भक्ति, हर मुराद होगी पूरी, जिसने किया उस पर कृपा बरस रही है!

    भगवान शिव, हिंदू धर्म के प्रमुख देवताओं में से एक हैं। उन्हें महादेव, भोलेनाथ, आदि नामों से भी जाना जाता है। शिव भक्तों का मानना है कि शिव मंत्रों का जाप करने से मन शांत होता है, जीवन में सफलता मिलती है और मोक्ष की प्राप्ति होती है।

    शिव मंत्रों के प्रकार और उनके लाभ:

    शिव मंत्रों को विभिन्न प्रकारों में वर्गीकृत किया जा सकता है, जिनमें शामिल हैं:

    • पंचाक्षरी मंत्र: ॐ नमः शिवाय
      • यह सबसे लोकप्रिय और शक्तिशाली शिव मंत्रों में से एक है।
      • इसका जाप करने से मन शांत होता है, तनाव कम होता है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
    • द्वादशाक्षरी मंत्र: ॐ नमः शिवाय त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्युमृत्युन्न मुच्यमाम।
      • यह मंत्र मृत्यु से मुक्ति और दीर्घायु प्रदान करने वाला माना जाता है।
    • महामृत्युंजय मंत्र: ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्युमृत्युन्न मुच्यमाम।
      • यह मंत्र मृत्यु के भय से मुक्ति दिलाता है और जीवन को लंबा और स्वस्थ बनाता है।
    • शिव तांडव स्तोत्र: यह स्तोत्र भगवान शिव के तांडव रूप का वर्णन करता है। इसका पाठ करने से शक्ति और उत्साह मिलता है।

    शिव मंत्रों के लाभ:

    • मन की शांति: शिव मंत्रों का जाप करने से मन शांत होता है और तनाव कम होता है।
    • रोगों से मुक्ति: शिव मंत्रों का नियमित जाप करने से कई प्रकार के रोगों से मुक्ति मिलती है।
    • सफलता: शिव मंत्रों का जाप करने से जीवन में सफलता मिलती है।
    • मोक्ष: शिव मंत्रों का नियमित जाप करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है।
    • आत्मविश्वास: शिव मंत्रों का जाप करने से आत्मविश्वास बढ़ता है।

    शिव मंत्रों का जाप कैसे करें:

    • शांत वातावरण: शांत और शांत वातावरण में बैठकर मंत्रों का जाप करें।
    • शुद्ध मन: शुद्ध मन से मंत्रों का जाप करें।
    • एकाग्रता: मंत्रों के जाप के दौरान मन को एकाग्र रखें।
    • नियमितता: नियमित रूप से मंत्रों का जाप करें।
    • विश्वास: मंत्रों की शक्ति पर विश्वास रखें।

    शिव भक्ति के अन्य तरीके:

    • शिवलिंग की पूजा: शिवलिंग पर जल चढ़ाएं, बेलपत्र चढ़ाएं और धूप दीप जलाएं।
    • शिव मंदिर में जाएं: सावन के महीने में शिव मंदिर में जाकर भगवान शिव की पूजा करें।
    • शिव भजन गाएं: भगवान शिव के भजन गाकर आप उनके करीब महसूस कर सकते हैं।
    • शिव पुराण का पाठ करें: शिव पुराण का पाठ करने से धार्मिक ज्ञान प्राप्त होता है और मन को शांति मिलती है।

    शिव मंत्रों का जाप एक शक्तिशाली साधन है जो आपके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है। नियमित रूप से मंत्रों का जाप करने से आप शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ रह सकते हैं।

    कुछ अन्य शिव मंत्र जो आप जाप कर सकते हैं:

    • ॐ नमः शिवाय कार्तिकेय
    • ॐ नमः शिवाय गणेशाय
    • ॐ नमः शिवाय पार्वती
    • ॐ नमः शिवाय शंकर

  • Cyber Crime: आपका बैंक भी खाली कर सकते हैं ये Educated अपराधी, बचना है तो अभी करो ये उपाय!

    Cyber Crime: आपका बैंक भी खाली कर सकते हैं ये Educated अपराधी, बचना है तो अभी करो ये उपाय!

    Cyber Crime:आजकल, मोबाइल फोन हमारे जीवन का एक अभिन्न हिस्सा बन गया है। हम अपने फोन पर बैंकिंग करते हैं, सोशल मीडिया का उपयोग करते हैं, और अपनी व्यक्तिगत जानकारी स्टोर करते हैं। लेकिन, इस डिजिटल युग में, हमारे मोबाइल फोन साइबर हमलावरों के लिए एक आकर्षक लक्ष्य बन गए हैं। पिछले कुछ वर्षों में, मोबाइल हैकिंग की घटनाओं में तेजी से वृद्धि हुई है। साइबर अपराधी लगातार नए-नए तरीकों से लोगों को ठगने की कोशिश कर रहे हैं। हाल ही में देश में हुई कुछ घटनाओं ने इस समस्या की गंभीरता को उजागर किया है।

    हालिया घटनाएं:

    • पंजाब नेशनल बैंक में बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी: हाल ही में, पंजाब नेशनल बैंक में बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया था, जिसमें हजारों ग्राहकों के खातों से पैसे निकाले गए थे। जांच में पता चला कि हैकर्स ने ग्राहकों के मोबाइल फोन को हैक करके उनके बैंकिंग ऐप्स में घुसपैठ की थी।
    • सोशल मीडिया पर फिशिंग हमले: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर फिशिंग हमलों में भी वृद्धि हुई है। हैकर्स फर्जी वेबसाइटों या लिंक्स का उपयोग करके लोगों को उनके व्यक्तिगत जानकारी और पासवर्ड बताने के लिए मजबूर कर रहे हैं।
    • एंड्रॉइड और आईओएस डिवाइसों में मैलवेयर: एंड्रॉइड और आईओएस डिवाइसों में मैलवेयर के हमले भी बढ़ रहे हैं। ये मैलवेयर आपके फोन की जानकारी चुरा सकते हैं और आपके डेटा को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

    इन घटनाओं से हम क्या सीख सकते हैं?

    • कोई भी सुरक्षित नहीं है: चाहे आप कितने भी सावधान रहें, साइबर अपराधियों से पूरी तरह सुरक्षित रहना मुश्किल है।
    • साइबर अपराधी लगातार नए तरीके खोज रहे हैं: उन्हें एक कदम आगे रहने के लिए हमेशा अलर्ट रहना जरूरी है।
    • अपनी व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा सबसे पहले है: अपनी व्यक्तिगत जानकारी को गोपनीय रखें और उसे किसी के साथ साझा न करें।

    अपने मोबाइल को सुरक्षित रखने के लिए आप क्या कर सकते हैं?

    • मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें: अपने फोन और सभी ऐप्स के लिए अलग-अलग और मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें।
    • दो-कारक प्रमाणीकरण (Two-Factor Authentication) को सक्षम करें: यह एक अतिरिक्त सुरक्षा परत प्रदान करता है।
    • अपने फोन को नियमित रूप से अपडेट करें: सॉफ्टवेयर अपडेट में सुरक्षा पैच होते हैं जो आपके फोन को हैकर्स से बचाते हैं।
    • अज्ञात स्रोतों से ऐप्स डाउनलोड न करें: केवल Google Play Store या Apple App Store से ऐप्स डाउनलोड करें।
    • पब्लिक वाई-फाई का सावधानीपूर्वक उपयोग करें: पब्लिक वाई-फाई पर संवेदनशील जानकारी जैसे कि बैंकिंग या ऑनलाइन शॉपिंग न करें।
    • एंटीवायरस सॉफ्टवेयर का उपयोग करें: एक अच्छा एंटीवायरस सॉफ्टवेयर आपके फोन को मैलवेयर और अन्य खतरों से बचा सकता है।

    मोबाइल फोन हमारे जीवन का एक अभिन्न हिस्सा बन गए हैं, लेकिन उन्हें सुरक्षित रखना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उपरोक्त टिप्स का पालन करके, आप अपने मोबाइल फोन को हैक होने से बचा सकते हैं और अपनी व्यक्तिगत जानकारी को सुरक्षित रख सकते हैं। याद रखें, थोड़ी सी सावधानी आपको बड़ी मुसीबत से बचा सकती है।

  • Noida Police ने दुष्कर्म के आरोपी को किया गिरफ्तार, थाना प्रभारी विंध्याचल तिवारी की अगुवाई में हुई कार्रवाई

    Noida Police ने दुष्कर्म के आरोपी को किया गिरफ्तार, थाना प्रभारी विंध्याचल तिवारी की अगुवाई में हुई कार्रवाई

    Noida Police: थाना फेस-2 नोएडा की पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक दुष्कर्म के आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान अनूप पुत्र बादाम सिंह के रूप में हुई है। वह गांव सराय दायमपुर, थाना छिबरामऊ, जिला कन्नौज का रहने वाला है और वर्तमान में नोएडा के नया गांव में रहता है।

    पुलिस के अनुसार, अनूप पर आरोप है कि उसने 15 जुलाई को एक नाबालिग लड़की के साथ मारपीट की और उसके साथ दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं, उसने लड़की को जान से मारने की धमकी भी दी थी। इस मामले में थाना फेस-2 में मुकदमा संख्या 324/2024 दर्ज किया गया था।

    गोपनीय सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने बी ब्लाक, हाजरी कम्पलेक्स, बस स्टैण्ड के पास घेराबंदी कर आरोपी को दबोच लिया। इस कार्रवाई का नेतृत्व थाना प्रभारी विंध्याचल तिवारी ने किया। उनके साथ उप निरीक्षक राधेश सक्सेना, उप निरीक्षक यूटी सर्वेश कुमार, कांस्टेबल श्री कपिल धामा और महिला कांस्टेबल विनिता भी शामिल थीं।

    थाना प्रभारी विंध्याचल तिवारी ने बताया कि पुलिस लगातार अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। इस मामले में भी पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने कहा कि पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और इस मामले में और भी खुलासे हो सकते हैं।

    आरोपी का विवरण:

    • नाम: अनूप
    • पिता का नाम: बादाम सिंह
    • निवास: गांव सराय दायमपुर, थाना छिबरामऊ, जिला कन्नौज (वर्तमान पता: नया गांव, सै0-87, थाना फेस-2 नोएडा)
    • उम्र: लगभग 30 वर्ष

    पंजीकृत मुकदमा:

    • मुकदमा संख्या: 324/2024
    • धाराएं: 75(2)/115(2)/351(3)/64 बीएनएस व 5एम/6 पाक्सो एक्ट
    • थाना: फेस-2, गौतमबुद्धनगर

    गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम:

    • विंध्याचल तिवारी (प्रभारी निरीक्षक)
    • राधेश सक्सेना (उप निरीक्षक)
    • यूटी सर्वेश कुमार (उप निरीक्षक)
    • श्री कपिल धामा (कांस्टेबल)
    • विनिता (महिला कांस्टेबल)
  • Noida Authority ने “बृहद वृक्षारोपण अभियान 2024” के तहत 2.25 लाख पौधे लगाए, नोएडा को हरा-भरा बनाने का संकल्प!

    Noida Authority ने “बृहद वृक्षारोपण अभियान 2024” के तहत 2.25 लाख पौधे लगाए, नोएडा को हरा-भरा बनाने का संकल्प!

    Noida Authority: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित “बृहद वृक्षारोपण अभियान 2024” के तहत नोएडा प्राधिकरण द्वारा युद्ध स्तर पर वृक्षारोपण किया गया। इस अवसर पर पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा सांसद नोएडा, श्री मुकेश मेश्राम (आईएएस) प्रमुख सचिव पर्यटन उत्तर प्रदेश शासन, श्री मनीष वर्मा जिलाधिकारी गौतम बुद्ध नगर, श्रीमती वंदना त्रिपाठी (आईएएस) अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी, श्री प्रमोद श्रीवास्तव डीएफ़ओ, श्री मनोज गुप्ता जिलाध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी, आनंद मोहन सिंह निदेशक (उद्यान) , श्री राजेंद्र सिंह उप निदेशक (उद्यान) ,श्री योगेन्द्र शर्मा अध्यक्ष फोनरवा साथ ही साथ RWA के सदस्य एवं निवासियों द्वारा सेक्टर 112 की ग्रीन बेल्ट में पेड़ लगाए गए।

    नोएडा को हरा-भरा बनाने का संकल्प:

    इस वृक्षारोपण अभियान के तहत बरगद, नीम, आम, लार्जेस्टोमिया आदि प्रजातियों के पौधे लगाए गए। इस अवसर पर नोएडा को पूरी तरह हरा-भरा बनाने का संकल्प लिया गया। नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों ने कहा कि वे शहर में हर जगह पेड़ लगाने का काम करेंगे और नोएडा को एक स्वच्छ और हरा-भरा शहर बनाएंगे।

    पूरे नोएडा में चला वृक्षारोपण अभियान:

    आज नोएडा के अन्य सेक्टरों में भी पूरे दिन वृक्षारोपण अभियान चलाया गया। विभिन्न पार्कों, सड़कों और ग्रीन बेल्ट में पौधे लगाए गए। अनुमान है कि आज लगभग 2.25 लाख पौधे रोपित किए गए।

    वृक्षारोपण का महत्व:

    पेड़-पौधे हमारे जीवन के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं। वे हमें ऑक्सीजन देते हैं, प्रदूषण को कम करते हैं और धरती को हरा-भरा बनाते हैं। इसलिए, हमें अधिक से अधिक पेड़ लगाने चाहिए और उनका संरक्षण करना चाहिए। नोएडा प्राधिकरण द्वारा आयोजित यह वृक्षारोपण अभियान एक सराहनीय पहल है। इससे न केवल नोएडा शहर को हरा-भरा बनाने में मदद मिलेगी, बल्कि यह लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक भी करेगा। नोएडा प्राधिकरण इसी तरह से भविष्य में भी वृक्षारोपण अभियान चलाता रहेगा और नोएडा को एक स्वस्थ और पर्यावरण के अनुकूल शहर बनाने में योगदान देगा।

  • Greater Noida Police Misconduct Exposed: कुलेसरा चौकी परिसर में नहीं हुई थी मारपीट, पड़ताल में हुआ खुलासा

    Greater Noida Police Misconduct Exposed: कुलेसरा चौकी परिसर में नहीं हुई थी मारपीट, पड़ताल में हुआ खुलासा

    Greater Noida Police Misconduct Exposed: ग्रेटर नोएडा में पुलिस की दबंगई का मामला एक नया मोड़ ले चुका है। पड़ताल के बाद सामने आए तथ्य स्पष्ट करते हैं कि जिस मारपीट की घटना को लेकर कुलेसरा चौकी का नाम बार-बार उछाला जा रहा था, वह सही नहीं है असल घटना ईकोटेक तीन कोतवाली क्षेत्र स्थित हल्दोनी मोड़ के पास की है। ये पूरी घटना ईकोटेक तीन कोतवाली क्षेत्र स्थित हल्दोनी मोड़ के पास की है जहां ट्रैफिक पुलिस और आरोपियों के बीच कहासूंनी हुई थी बाद आरोपियों को कुलेसरा चौकी लाया तो गया था लेकिन तुरंत ही ईकोटेक थाने भेज दिया गया था। कुसेलसरा चौकी परिसर में जिस मारपीट की बात कही जा रही है वह पड़ताल में गलत पाया गया है जो भी घटना हुई थी वो ईकोटेक तीन कोतवाली क्षेत्र स्थित हल्दोनी मोड़ पर हुई थी जिसके बाद पीड़ितों को ईकोटेक थाना ले जाया गया था। इस मामले में पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने निर्देश पर तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है और विभागीय जांच जारी है।

    क्या है पूरा मामला?

    कुलेसरा चौकी क्षेत्र के निवासी एक युवक अपनी गाड़ी से घर लौट रहे थे जब चौराहे पर तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने उन्हें गाड़ी रोकने का इशारा किया। युवक द्वारा गाड़ी न रोकने पर, पुलिसकर्मियों ने थोड़ी दूर जाकर गाड़ी रुकवाई और युवक को ईकोटेक थाना परिसर ले गए। यहीं पर दोनों ट्रैफिककर्मियों और कांस्टेबल ने युवक की पिटाई की, जिससे उसे चोटें आईं। आरोप है कि युवकों को छोड़ने के एवज में पुलिसकर्मियों ने 50 हजार रुपये की मांग की। युवकों के जेब में रखे 30 हजार रुपये निकाल लिए। इसके बाद उनसे यातायात नियमों का उल्लंघन करने का शिकायती पत्र जबरन लिखवाया गया। है। बाद में उन्हें कोतवाली ले जाकर छोड़ा गया। पीड़ित युवक ने बताया कि कोतवाली से बाहर निकलते ही कार का साढ़े 14 हजार का चालान कर दिया। घर पहुंच कर उन्होंने आपबीती स्वजन को बताई।

    जातीय भेदभाव का आरोप

    पीड़ित युवक ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मियों ने उसकी जाति पूछकर उसके साथ बुरा बर्ताव किया और उसे बुरी तरह पीटा। पिटाई के बाद युवक को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की जानकारी मिलने पर दलित युवक ने पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह से शिकायत की। शिकायत की जांच में मारपीट होने की बास सही पाई गई , जिसके बाद पुलिस कमिश्नर ने तुरंत एक्शन लेते हुए दोनों ट्रैफिक पुलिसकर्मियों और कांस्टेबल को निलंबित कर दिया। घटना के वक्त गाड़ी में अमन गौतम, कुलदीप गौतम, हरिश गौतम और अर्जुन कबीरा सवार थे। ये सभी सूरजपुर की ओर जा रहे थे जब हल्द्वानी मोड़ पर ट्रैफिक पुलिस ने उनकी गाड़ी रुकवाई थी।

     

  • Noida Mobile Tower Controversy: एकता कुंज निवासियों की जीत! मोबाइल टावर की जगह बदली जाएगी

    Noida Mobile Tower Controversy: एकता कुंज निवासियों की जीत! मोबाइल टावर की जगह बदली जाएगी

    Noida Mobile Tower Controversy: एकता कुंज, पॉकेट 12, सेक्टर 82, नोएडा के निवासियों को उनके संघर्ष में सफलता मिली है। सोसाइटी के पास बन रहे मोबाइल टावर के खिलाफ रविवार को किए गए धरने के बाद, ऐसा लगता है कि उनकी मांगें मान ली गई हैं। निवासियों का कहना था कि मोबाइल टावर सोसाइटी के बहुत पास बनाया जा रहा था, जो उनके स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए खतरा है। साथ ही उनका दावा था कि टावर के निर्माण के लिए प्राधिकरण से उचित अनुमति नहीं ली गई थी।

    धरने के बाद, निवासियों के प्रतिनिधियों ने नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों से मुलाकात की। उद्यान विभाग की डिप्टी डायरेक्टर राजेंद्र सिंह ने आश्वासन दिया कि टावर की जगह बदल दी जाएगी। सीईओ के ओएसडी ने भी निवासियों को पत्र जमा करने और रसीद प्राप्त करने के लिए कहा। इसके अलावा, मोबाइल टावर कंपनी के कर्मचारियों से भी मुलाकात की गई। हालांकि, उन्हें अभी तक प्राधिकरण से कोई निर्देश नहीं मिला है, लेकिन वे प्राधिकरण से संपर्क करेंगे। आपको बता दें कि पिछले 10 दिनों से प़ॉकेट 12 के निवासी  मोबाइल टावर की जगह बदले जाने को लेकर लड़ाई लड़ रहे थे करीब 250 निवासियों ने हस्ताक्षर कर अपना आवेदन सीओ से लेकर सीएम योगी को भेजा था।

    समुदाय के एकजुट प्रयासों का सकारात्मक परिणाम

    यह घटनाक्रम इस बात का उदाहरण है कि कैसे एकजुट होकर समुदाय सकारात्मक बदलाव ला सकता है। एकता कुंज के निवासियों ने अपनी आवाज उठाई और अपने स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। उनके लगातार प्रयासों और प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ सकारात्मक वार्तालाप से सफलता मिली है।

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    यह मुद्दा न सिर्फ एकता कुंज के निवासियों के लिए बल्कि पूरे नोएडा में मोबाइल टावर के निर्माण को लेकर सतर्कता बरतने का संदेश देता है। ऐसे में जरूरी है कि मोबाइल टावर का निर्माण सुरक्षित दूरी पर और प्राधिकरण से उचित अनुमति लेकर किया जाए।

  • Noida Mobile Tower Controversy: एकता कुंज पॉकेट 12 के 250 निवासियों ने मोबाइल टावर के खिलाफ मोर्चा खोला, सीईओ नोएडा से की कार्रवाई की मांग

    Noida Mobile Tower Controversy: एकता कुंज पॉकेट 12 के 250 निवासियों ने मोबाइल टावर के खिलाफ मोर्चा खोला, सीईओ नोएडा से की कार्रवाई की मांग

    Noida Mobile Tower Controversy: एकता कुंज, पॉकेट 12, सेक्टर 82, नोएडा के निवासियों ने सोसाइटी के पास बन रहे मोबाइल टावर के निर्माण का विरोध तेज कर दिया है। 250 से अधिक निवासियों ने मिलकर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ को पत्र लिखकर निर्माण कार्य रोकने और टावर का स्थान बदलने की मांग की है।

    Noida Mobile Tower Controversy
    Noida Mobile Tower Controversy

    सोसाइटी के लोगों ने ट्विटर पर भी सीईओ नोएडा से लेकर सीएम योगी आदित्यनाथ तक को टैग करते हुए अपनी आपत्ति दर्ज कराई है। सोसाइटी के अध्यक्ष कुलदीप त्यागी और महासचिव चंद्रकांत शर्मा लगातार स्थानीय विधायक और सांसद से संपर्क में हैं और उनसे इस मुद्दे पर हस्तक्षेप करने का आग्रह कर रहे हैं।

    निवासियों का कहना है कि यह मोबाइल टावर उनके स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। उनका तर्क है कि टावर सोसाइटी से महज 10-12 मीटर की दूरी पर बनाया जा रहा है, जो मानदंडों का उल्लंघन है। साथ ही, उनका यह भी दावा है कि इस टावर के निर्माण के लिए प्राधिकरण से उचित अनुमति नहीं ली गई है।

    इस मुद्दे को लेकर सोसाइटी के लोगों ने एकजुट होकर मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने न केवल पत्र लिखकर और ट्वीट करके अपनी आपत्ति जताई है, बल्कि वे लगातार स्थानीय अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से भी संपर्क कर रहे हैं। पॉकेट 12 में रहने वाले अरविंद शर्मा, विनय त्रिवेदी, अंकित शर्मा, प्रमोद दीक्षित, श्रीमती संतोष, पवन मिश्रा, श्रीमती उमा मिश्रा, चंदन पांडे, प्रवेश कुमार सिंह,  एसपी शर्मा, एम आर शर्मा,कृपाल यादव, खेमचंद तंवर, सतेद्र भाटी, राजेश म्हाले, सुनील तिवारी और आनंद सिंह का कहना है कि यह मोबाइल टावर उनके स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। उनका तर्क है कि:

    • टावर सोसाइटी से महज 10-12 मीटर की दूरी पर बनाया जा रहा है, जो मानदंडों का उल्लंघन है।
    • इस टावर के निर्माण के लिए प्राधिकरण से उचित अनुमति नहीं ली गई है।

    निवासियों ने अपनी आपत्ति दर्ज कराने के लिए कई मोर्चे खोल दिए हैं:

    • नोएडा प्राधिकरण के सीईओ को पत्र: 250 से अधिक निवासियों ने मिलकर सीईओ को पत्र लिखकर निर्माण कार्य रोकने और टावर का स्थान बदलने की मांग की है।
    • सोशल मीडिया पर विरोध: सोसाइटी के लोगों ने ट्विटर पर भी सीईओ नोएडा से लेकर सीएम योगी आदित्यनाथ तक को टैग करते हुए अपनी आपत्ति दर्ज कराई है।
    • स्थानीय अधिकारियों से संपर्क: सोसाइटी के अध्यक्ष कुलदीप त्यागी और महासचिव चंद्रकांत शर्मा लगातार स्थानीय विधायक और सांसद से संपर्क में हैं और उनसे इस मुद्दे पर हस्तक्षेप करने का आग्रह कर रहे हैं।

    एकता कुंज पॉकेट 12 के निवासी अपने स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। वे न केवल टावर के निर्माण को रोकने की मांग कर रहे हैं, बल्कि यह भी सुनिश्चित करना चाहते हैं कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को दोबारा न होने दिया जाए।

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