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    Shri Shiv Mahapuran Katha 2026 : नोएडा में भव्य आयोजन – परम पूज्य श्री पुष्कर कृष्ण जी महाराज, शुक्रताल धाम वाले

    Shri Shiv Mahapuran Katha : आज हम बात कर रहे हैं एक ऐसे पावन आयोजन की, जो आपके मन-प्राण को शिवमय कर देगा। 13 फरवरी 2026 से 26 फरवरी 2026 तक, नोएडा के सेक्टर 93 में श्री शिव महापुराण कथा का 14 दिवसीय भव्य महोत्सव आयोजित हो रहा है। यह कथा परम पूज्य श्री पुष्कर कृष्ण जी महाराज (शुक्रताल धाम, मुजफ्फरनगर) के श्रीमुखारविंद से सुनी जाएगी – जिनकी कथाएँ भक्ति, ज्ञान, वैराग्य और भावपूर्ण भजन से भरी होती हैं।

    Shri Shiv Mahapuran Katha – महत्वपूर्ण जानकारी

    • कथा का नाम: श्री शिव महापुराण कथा
    • तिथि: 13 फरवरी 2026 से 26 फरवरी 2026 (कुल 14 दिन)
    • समय: प्रतिदिन दोपहर 2:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक
    • स्थान: सुपर एमआईजी ग्रीन बेल्ट, सेक्टर 93, नियर बारात घर, नोएडा (उत्तर प्रदेश)
    • कथावाचक: परम पूज्य श्री पुष्कर कृष्ण जी महाराज (शुक्रताल धाम वाले)

    Shri Shiv Mahapuran Katha 2026 : श्री पुष्कर कृष्ण जी महाराज शुक्रताल धाम के प्रसिद्ध संत हैं, जहाँ महाभारत काल में शुकदेव जी ने श्रीमद् भागवत कथा सुनाई थी। उनकी कथाएँ सरल भाषा में गहन आध्यात्मिक रहस्य खोलती हैं। पहले भी उन्होंने नोएडा सेक्टर 93 सहित कई स्थानों पर शिव महापुराण और भागवत कथा सुनाई है, और हजारों भक्तों ने इनसे शिव कृपा प्राप्त की है।

    शिव महापुराण कथा सुनने के लाभ

    शिव महापुराण सुनने से:-

    • मन की अशांति दूर होती है
    • पापों का नाश होता है
    • शिव-पार्वती की कृपा प्राप्त होती है
    • परिवार में सुख-शांति और समृद्धि आती है
    • महामृत्युंजय मंत्र और रुद्राक्ष महिमा का गहन ज्ञान मिलता है

    महाराज जी की कथाओं में भजन, आरती और भावपूर्ण प्रसंगों के साथ-साथ जीवन के व्यावहारिक उपदेश भी मिलते हैं। यह सिर्फ कथा नहीं, बल्कि एक जीवंत शिव-यज्ञ है!

    कैसे पहुँचें (Location)

    • पता: सुपर एमआईजी ग्रीन बेल्ट, सेक्टर 93, नोएडा बारात घर के पास (Super MIG Green Belt, Sector 93, Noida Near Barat Ghar)
    • नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से आसानी से पहुँचा जा सकता है
    • मेट्रो/बस/कार से सुगम पहुँच
    • पार्किंग और बैठने की उचित व्यवस्था होने की संभावना (आयोजकों से संपर्क करें)

    यदि आप दिल्ली-NCR, गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर या आसपास के क्षेत्रों में रहते हैं, तो यह आपके लिए सुनहरा अवसर है। परिवार, बच्चों और बुजुर्गों के साथ जाकर शिव भक्ति में लीन हो जाएँ।

    विशेष अनुरोध

    • समय से पहले पहुँचें ताकि अच्छी जगह मिल सके
    • मोबाइल साइलेंट रखें और भक्ति भाव से बैठें
    • महाराज जी के चरणों में फूल, फल या दक्षिणा अर्पित करें
    • कथा का लाइव प्रसारण (यदि उपलब्ध हो) श्री पुष्कर कृष्ण जी महाराज के यूट्यूब चैनल पर देख सकते हैं

    Shri Shiv Mahapuran Katha 2026

    जय भोलेनाथ! जय शिव शंभू!

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    नोएडा से सत्यबीर सिंह की रिपोर्ट

  • Mahashivratri 2026 : भगवान शिव की महान रात्रि – महत्व, तिथि, पूजा विधि और व्रत नियम

    Mahashivratri 2026 : भगवान शिव की महान रात्रि – महत्व, तिथि, पूजा विधि और व्रत नियम

    Mahashivratri 2026 : हिंदू धर्म में सबसे पवित्र और शक्तिशाली रात्रियों में से एक है महाशिवरात्रि। यह भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य मिलन का प्रतीक है, साथ ही शिवलिंग के रूप में भगवान का प्रकट होने का उत्सव भी। इस दिन व्रत, जागरण, भजन-कीर्तन और शिव पूजन से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और मोक्ष की प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त होता है।

    Mahashivratri 2026 कब है?

    2026 में महाशिवरात्रि रविवार, 15 फरवरी 2026 को मनाई जाएगी।

    फाल्गुन मास की कृष्ण पक्ष चतुर्दशी तिथि शाम को शुरू होकर पूरी रात्रि व्याप्त रहती है, इसलिए व्रत और मुख्य पूजा 15 फरवरी को ही की जाती है।

    Mahashivratri 2026
    Mahashivratri 2026

    मुख्य तिथि विवरण

    • चतुर्दशी तिथि प्रारंभ : 15 फरवरी 2026, शाम लगभग 5:04 बजे
    • चतुर्दशी तिथि समाप्त : 16 फरवरी 2026, शाम लगभग 5:34 बजे
    • निशिता काल पूजा (सबसे शुभ और शक्तिशाली समय – मध्यरात्रि पूजा): 15 फरवरी रात 11:55 बजे से 16 फरवरी सुबह 12:46 बजे तक (अवधि: 51 मिनट)
    • चार प्रहर पूजा के समय (रात्रि के चार भाग):
      • प्रथम प्रहर: शाम 5:58 बजे से रात 9:09 बजे तक
      • द्वितीय प्रहर: रात 9:09 बजे से 12:20 बजे तक (16 फरवरी)
      • तृतीय प्रहर: रात 12:20 बजे से सुबह 3:31 बजे तक
      • चतुर्थ प्रहर: सुबह 3:31 बजे से 6:42 बजे तक
    • व्रत पारण (व्रत खोलने का समय): 16 फरवरी सुबह 6:42 बजे से दोपहर 3:10 बजे तक

    नोट: ये समय लखनऊ के स्थानीय पंचांग (जैसे Drik Panchang) पर आधारित हैं। थोड़े अंतर हो सकते हैं, इसलिए स्थानीय पंडित या ऐप से पुष्टि करें।

    Mahashivratri 2026
    Mahashivratri 2026

    महाशिवरात्रि का महत्व

    महाशिवरात्रि पर भगवान शिव ने विष का पान कर जगत की रक्षा की थी (समुद्र मंथन कथा)। यह रात्रि शिव-पार्वती विवाह का भी प्रतीक है। व्रत रखने से पाप नष्ट होते हैं, स्वास्थ्य, सुख-समृद्धि और मोक्ष प्राप्ति होती है। महिलाएं सौभाग्य के लिए, पुरुष बल-वीर्य और सफलता के लिए पूजा करते हैं।

    महाशिवरात्रि व्रत और पूजा विधि (घर पर कैसे करें)

    1. सुबह की तैयारी: स्नान कर शुद्ध वस्त्र पहनें। व्रत का संकल्प लें – “मैं फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी पर शिव पूजन और व्रत करूंगा/करूंगी।”
    2. पूजा सामग्री: शिवलिंग या शिव जी की मूर्ति, बेलपत्र, दूध, दही, घी, शहद, गंगाजल, फल (केला, सेब), धतूरा, भांग (यदि उपलब्ध), अगरबत्ती, दीपक, चंदन, कुमकुम, फूल, बिल्वपत्र (5 या 11 पत्तियों वाला), भस्म, रुद्राक्ष।
    3. पूजा विधि:
      • शिवलिंग पर गंगाजल से स्नान कराएं।
      • बेलपत्र चढ़ाएं (हमेशा उल्टा करके, तना नीचे)।
      • दूध, दही, घी, शहद, गंगाजल से अभिषेक करें।
      • “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जाप करें (कम से कम 108 बार)।
      • चार प्रहर में पूजा करें या कम से कम निशिता काल में।
      • रात्रि जागरण करें – शिव भजन, शिव चालीसा, शिव तांडव स्तोत्र पढ़ें।
      • फलाहार रखें: फल, दूध, मखाना, साबूदाना, व्रत चावल, सेंधा नमक।
    4. क्या न करें: नमक (साधारण), अनाज, मसूर दाल, लहसुन-प्याज, तामसिक भोजन, झूठ, क्रोध, निंदा।
    Mahashivratri 2026
    Mahashivratri 2026

    शिव को चढ़ाएं ये विशेष चीजें

    • बेलपत्र (सबसे प्रिय)
    • धतूरा और भांग (शिव का प्रिय)
    • दूध और गंगाजल
    • फल और मिठाई (फलाहार में)

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    Mahashivratri 2026 सिर्फ एक त्योहार नहीं, बल्कि आत्म-चिंतन और शिव से एकाकार होने का अवसर है। लखनऊ में मणिकर्णिका घाट, बड़ा इमामबाड़ा के पास शिव मंदिर या घर पर ही पूजा करें।

    हर हर महादेव!

     

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  • February Festival List 2026 : माघ पूर्णिमा, महाशिवरात्रि और अन्य प्रमुख पर्वों की पूरी कैलेंडर

    February Festival List 2026 : माघ पूर्णिमा, महाशिवरात्रि और अन्य प्रमुख पर्वों की पूरी कैलेंडर

    February Festival List 2026 : फरवरी का महीना सनातन धर्म में हमेशा से विशेष महत्व रखता है। ठंड की विदाई के साथ-साथ इस महीने में कई बड़े पर्व, व्रत और जयंतियां आती हैं, जो भक्ति, उपवास और आध्यात्मिक साधना का अवसर प्रदान करती हैं। वर्ष 2026 में फरवरी धार्मिक दृष्टि से और भी खास रहेगा, क्योंकि इसमें महाशिवरात्रि जैसा महापर्व शामिल है। लखनऊ और उत्तर प्रदेश के निवासियों के लिए यह महीना मंदिरों में भजन-कीर्तन, शिवलिंग अभिषेक और सामूहिक पूजा का समय होता है।
    आइए जानते हैं February Festival List 2026 के प्रमुख त्योहारों और व्रतों की पूरी सूची, डेट के साथ। (ये तिथियां प्रमुख पंचांगों जैसे द्रिक पंचांग, एस्ट्रोसेज और आम जन-स्रोतों पर आधारित हैं। स्थानीय पंचांग से थोड़ा अंतर हो सकता है, इसलिए मंदिर या पंडित जी से पुष्टि जरूर कर लें।)

     

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    February Festival List 2026 : प्रमुख त्योहार और व्रत

    • 1 फरवरी 2026 (रविवार)माघ पूर्णिमा – माघ मास की पूर्णिमा। इस दिन गंगा, यमुना या अन्य पवित्र नदियों में स्नान, दान और सत्यनारायण पूजा का विशेष महत्व है। गुरु रविदास जयंती – संत रविदास जी का जन्मदिन। उत्तर प्रदेश, पंजाब और दिल्ली में बड़े स्तर पर मनाया जाता है। थाई पूसम / थैपूसम – दक्षिण भारत में भगवान कार्तिकेय को समर्पित, कावड़ी यात्रा के साथ। ललिता जयंती – देवी ललिता का जन्मोत्सव।
    • 5 फरवरी 2026 (गुरुवार)संकष्टी चतुर्थी – भगवान गणेश की मासिक चतुर्थी। चंद्रमा दिखने के बाद व्रत और पूजा से सभी संकट दूर होते हैं।
    • 9 फरवरी 2026 (सोमवार)कालाष्टमी – भगवान भैरव की पूजा का दिन।
    • 13 फरवरी 2026 (शुक्रवार)विजया एकादशी – विष्णु भक्तों का महत्वपूर्ण व्रत। कुंभ संक्रांति – सूर्य कुंभ राशि में प्रवेश।
    • 14 फरवरी 2026 (शनिवार)शनि प्रदोष व्रत – शनिदेव की पूजा। वैलेंटाइन डे – आधुनिक प्रेम का उत्सव (शहरों में लोकप्रिय)।
    • 15 फरवरी 2026 (रविवार) – सबसे बड़ा पर्व! महाशिवरात्रि (Mahashivratri 2026)– भगवान शिव और मां पार्वती के मिलन का पावन पर्व। रात्रि भर जागरण, बेलपत्र, दूध-दही से शिवलिंग अभिषेक, भांग का प्रसाद और “ॐ नमः शिवाय” का जाप। निशीथ काल पूजा का समय लगभग रात 12:09 से 1:01 बजे तक (दिल्ली/लखनऊ के अनुसार थोड़ा बदलाव संभव)। लखनऊ में मनकामेश्वर, आयोध्या के नजदीक या स्थानीय शिव मंदिरों में भारी भीड़ रहती है। व्रत रखने से मोक्ष की प्राप्ति का वरदान मिलता है।
    • 17 फरवरी 2026 (मंगलवार)फाल्गुन अमावस्या – कुछ स्थानों पर सूर्य ग्रहण (पुष्टि करें)। द्वापर युग दिवस।
    • 19 फरवरी 2026 (गुरुवार)फुलेरा दूज – कुछ क्षेत्रों में शुभ मानी जाती है। छत्रपति शिवाजी महाराज जयंती – महाराष्ट्र में मुख्य।
    • 24 फरवरी से शुरूहोलाष्टक – होली से पहले के 8 दिन, जिसमें शुभ कार्य वर्जित रहते हैं।
    • 27 फरवरी 2026 (शुक्रवार)अमलकी एकादशी – फाल्गुन शुक्ल एकादशी। आमला वृक्ष की पूजा और व्रत से पुण्य प्राप्ति।
    February Festival List 2026
    February Festival List 2026

    लखनऊ में फरवरी 2026 का विशेष महत्व

    February Festival List 2026 : लखनऊ में महाशिवरात्रि के दौरान पुरानी गलियों से लेकर बड़े मंदिरों तक भक्ति की लहर दौड़ती है। गोमती नदी के किनारे स्नान, स्थानीय शिव मंदिरों में विशेष आयोजन और भजन संध्या आम हैं। माघ पूर्णिमा पर भी लोग दान-पुण्य के लिए निकलते हैं। यदि आप व्रत रख रहे हैं, तो फलाहार या एक समय भोजन करें और रात्रि जागरण में शामिल हों।

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    February Festival List 2026 भक्ति और उत्सव का महीना है। महाशिवरात्रि जैसा पर्व हमें सिखाता है कि जीवन में शिव की तरह तप, त्याग और प्रेम जरूरी है। इस महीने का सदुपयोग करें, पूजा-पाठ करें और परिवार के साथ खुशियां बांटें।

    हर हर महादेव!