Tag: Indus Waters Treaty suspension

  • Pakistan airspace closure : भारत ने पाकिस्तानी विमानों के लिए 23 मई 2025 तक हवाई क्षेत्र किया बंद

    Pakistan airspace closure : भारत ने पाकिस्तानी विमानों के लिए 23 मई 2025 तक हवाई क्षेत्र किया बंद

    Pakistan airspace closure – भारत ने पाकिस्तानी विमानों के लिए अपने हवाई क्षेत्र में प्रवेश पर पूरी तरह से  प्रतिबंध लगा दिया है, जो तत्काल प्रभाव से लागू होकर 23 मई 2025 तक प्रभावी रहेगा। यह कदम दोनों पड़ोसी देशों के बीच बढ़ते तनाव के बीच उठाया गया है, जिसकी शुरुआत हाल ही में पहलगाम आतंकी हमले और पाकिस्तान द्वारा भारतीय विमानों पर लगाए गए प्रतिबंधों के बाद हुई।

    हवाई क्षेत्र प्रतिबंध की घोषणा

    Pakistan airspace closure : भारत के नागरिक उड्डयन मंत्रालय (MoCA) ने एक NOTAM (नोटिस टू एयरमेन) जारी कर स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी पाकिस्तान-पंजीकृत विमान, चाहे वह कमर्शियल हो, लीज़ पर हो, संचालित वाहक हो या सैन्य विमान, को भारतीय हवाई क्षेत्र से उड़ान भरने की अनुमति नहीं दी जाएगी। यह निर्णय पाकिस्तान द्वारा पिछले सप्ताह भारतीय विमानों के लिए अपने हवाई क्षेत्र को बंद करने के जवाब में लिया गया है, जिससे 800 से अधिक साप्ताहिक उड़ानों पर असर पड़ा। भारत का यह कदम प्रतिशोधात्मक माना जा रहा है, जो दोनों देशों के बीच बढ़ते कूटनीतिक और आर्थिक तनाव को और गहरा करता है।

    Pakistan airspace closure
    Pakistan airspace closure

    पाकिस्तानी एयरलाइनों पर असर

    इस प्रतिबंध का सबसे अधिक असर पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस (PIA) और अन्य पाकिस्तानी एयरलाइनों पर पड़ेगा, जो कुआलालंपुर, सिंगापुर और थाईलैंड जैसे दक्षिण-पूर्व एशियाई गंतव्यों के लिए भारतीय हवाई क्षेत्र पर निर्भर रहती हैं। अब इन एयरलाइनों को चीन या श्रीलंका के ऊपर से घूमकर जाना पड़ेगा, जिससे ईंधन लागत बढ़ेगी, उड़ान का समय लंबा होगा और किरायों में वृद्धि की आशंका है। पहले से ही आर्थिक संकट से जूझ रही पाकिस्तानी एविएशन इंडस्ट्री के लिए यह एक और झटका है।

    Pakistan airspace closure
    Pakistan airspace closure

    पहलगाम हमले से उत्पन्न स्थिति

    यह हवाई क्षेत्र प्रतिबंध 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद लगाया गया है, जिसमें 26 लोगों की मौत हो गई थी। इस हमले की ज़िम्मेदारी द रेज़िस्टेंस फ्रंट (TRF) ने ली, जिसे पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा का मोहरा माना जाता है। भारत ने पाकिस्तान पर सीमा पार आतंकवाद को समर्थन देने का आरोप लगाया है। विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने स्पष्ट किया है कि जब तक पाकिस्तान “भरोसेमंद और अपरिवर्तनीय कदम” नहीं उठाता, तब तक ऐसे कड़े कदम जारी रहेंगे। भारत ने इंडस जल संधि को निलंबित करने और अटारी सीमा चौकी को बंद करने जैसे कई और जवाबी कदम भी उठाए हैं।

    Pakistan airspace closure
    Pakistan airspace closure

    भारतीय एयरलाइनों के लिए चुनौतियाँ

    पाकिस्तान द्वारा पहले से लगाए गए हवाई क्षेत्र प्रतिबंधों का असर भारतीय एयरलाइनों पर भी पड़ा है। एयर इंडिया और इंडिगो जैसी बड़ी एयरलाइनों को अब अरब सागर के ऊपर से उड़ानें मोड़नी पड़ रही हैं, जिससे ईंधन लागत और यात्रा समय दोनों बढ़े हैं। अमेरिका जाने वाली कुछ लंबी दूरी की उड़ानों को अब यूरोप में तकनीकी स्टॉप लेना पड़ रहा है, जिससे यात्रियों को असुविधा हो रही है और किरायों में वृद्धि की संभावना है। सरकार इन परेशानियों को कम करने के लिए एयरलाइनों के साथ मिलकर काम कर रही है, लेकिन स्थिति अभी भी अस्थिर बनी हुई है।

    Pakistan airspace closure
    Pakistan airspace closure

    Also Read This: Best Food Lucknow : Iconic Dishes You Must Try in the City of Nawabs

    व्यापक कूटनीतिक तनाव

    यह हवाई क्षेत्र प्रतिबंध व्यापक कूटनीतिक तनाव का हिस्सा है। दोनों देशों ने अपने राजनयिक मिशनों को कम कर दिया है और पाकिस्तान ने भारत के साथ व्यापार को भी निलंबित कर दिया है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय स्थिति पर करीबी नज़र बनाए हुए है, क्योंकि दोनों परमाणु संपन्न देश हाई अलर्ट पर हैं। इन सिलसिलेवार जवाबी कार्रवाइयों से आर्थिक नुकसान और क्षेत्रीय अस्थिरता की आशंका और भी बढ़ गई है।

  • Pahalgam आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ कड़े कदम उठाए

    Pahalgam आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ कड़े कदम उठाए

    Pahalgam में हुए आतंकी हमले के बाद भारत सरकार ने तेज और निर्णायक कार्रवाई करते हुए सिंधु जल संधि, 1960 को निलंबित कर दिया है तथा अटारी चेक पोस्ट को इम्मीडिएट इफ़ेक्ट से बंद करने का फैसला लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निवास पर आयोजित कैबिनेट सुरक्षा समिति (CCS) की बैठक में समग्र सुरक्षा स्थिति की रिव्यु की गई और सभी सुरक्षा एजेंसियों को हाई सिक्योरिटी बनाए रखने का निर्देश दिया गया।

    पाकिस्तानी नागरिकों पर वीज़ा बैन

    विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने नई दिल्ली में मीडिया को जानकारी देते हुए कहा कि पाकिस्तान के नागरिक अब सार्क वीज़ा छूट योजना (SAARC Visa Exemption Scheme – SVES) के तहत भारत की यात्रा नहीं कर सकेंगे। पूर्व में जारी किए गए SVES वीज़ा अब अमान्य घोषित कर दिए गए हैं। भारत में पहले से SVES वीज़ा पर मौजूद पाकिस्तानी नागरिकों को 48 घंटे केअंदर देश छोड़ने के आदेश दिए गए हैं।

     Foreign Secretary  shri vikram misri
    Foreign Secretary shri vikram misri

    राजनयिक स्टाफ में कटौती और निष्कासन

    विदेश सचिव ने बताया कि नई दिल्ली में पाकिस्तानी उच्चायोग के रक्षा, नौसेना और वायुसेना सलाहकारों को “पर्सोना नॉन ग्राटा” घोषित कर एक सप्ताह में भारत छोड़ने का निर्देश दिया गया है। भारत ने भी इस्लामाबाद स्थित अपने उच्चायोग से इन्हीं विभागों के सलाहकारों को वापस बुलाने का फैसला लिया है। इनके साथ ही 5 सहायक कर्मचारियों को भी दोनों देशों के उच्चायोगों से हटाया जाएगा।

    हाई कमीशन की संख्या में कमी

    भारत और पाकिस्तान के उच्चायोगों की कर्मचारियों की संख्या को घटाकर 55 से 30 करने का निर्णय लिया गया है, जो 1 मई से लागू होगा। यह कदम भारत-पाक रिलेशन्स में तनाव को दर्शाता है और भारत की आतंकवाद के प्रति सख्त नीति को दिखते है।

    Condemnation and international support of Pahalgam terror attack
    Condemnation and international support of Pahalgam terror attack

     Pahalgam आतंकी हमले की निंदा और अंतरराष्ट्रीय समर्थन

    CCS को  Pahalgam में हुए आतंकी हमले और उसमें पाकिस्तानियो के हाथ होने की जानकारी दी गई। इस हमले को जम्मू-कश्मीर में हाल ही में शांतिपूर्ण चुनावों और राज्य के विकास की दिशा में हुई प्रगति के खिलाफ एक साजिश बताया गया। समिति ने इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा की, शहीदों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।

    Also Read This: Pahalgam terror attack : 28 की मौत, पर्यटकों और स्थानीयों को बनाया गया निशाना

    अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया

    दुनिया भर की सरकारों ने इस हमले की लोचना  करते हुए भारत के साथ एकता और समर्थन व्यक्त किया है। CCS ने इन प्रतिक्रियाओं की सराहना करते हुए इसे आतंकवाद के प्रति ग्लोबल “जीरो टॉलरेंस” की भावना का प्रतीक बताया।